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UPI की छुट्टी कर देगा E-Rupee! बिना इंटरनेट और स्मार्टफोन होगा लेनदेन,

UPI की छुट्टी कर देगा E-Rupee! बिना इंटरनेट और स्मार्टफोन होगा लेनदेन,

क्या आपको E-Rupee और UPI पेमेंट के बीच के बेसिक अंतर को जानते हैं। आइए जानते हैं विस्तार से..

नई दिल्ली। रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) ने ई-रूपी लॉन्च कर दिया है। लेकिन इसे लेकर लोगों के मन में कई तरह के सवाल हैं कि आखिर जब डिजिटल लेनदेन का प्लेटफॉर्म UPI मौजूद था। ऐसे में ई-रूपी की क्या जरूरत थी। साथ ही e-Rupee UPI से कितना अलग है? यूजर्स का कहना है कि जब ऐप और स्मार्टफोन से ही पेमेंट होगा, तो फिर E-Rupee की क्या जरूरत है। आइए जानते हैं इस बारे में विस्तार से...

​सुरक्षित लेनदेन

UPI पेमेंट के लिए थर्ड पार्टी ऐप की जरूरत होती है। लेकिन ई-रुपी लेनदेन में थर्ड पार्टी की जरूरत नहीं होगी। इसका फायदा यह होगा कि अगर किसी गलत अकाउंट में पैसे भेज दिए हैं, तो आसानी से वापस मिल सकेंगे। मौजूदा वक्त में गलत अकाउंट में पैसे ट्रांसफर होने या फिर कट जाने पर थर्ड पार्टी जैसे phonePe और GPay की जिम्मेदारी नहीं होती है।
ई-रुपी में लेनदेन ऑफलाइन मोड में भी किया जा सकेगा। इसमें SMS और QR कोड से काम हो जाएगा। ऐसे में बिना इंटरनेट वाले इलाकों में लेनदेन करना आसान हो जाएगा।
मौजूदा वक्त में UPI लेनेदन बैंकों से होता है। लेकिन E-Rupee में बैंक नहीं सीधे आरबीआई से लेनदेन होगा।
UPI पेमेंट करने की एक लिमिट होती है। यूजर्स एक दिन में 50,000 या उससे ज्यादा का लेनदेन नहीं कर पाते हैं। जबकि E-Rupee से अनलिमिटेड लेनदेन कर पाएंगे।
  • e-Rupee का अभी दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरू और भुवनेश्वर में SBI, ICICI बैंक, IDFC बैंक और Yas बैंक यूजर्स कर पाएंगे।
  • इन बैंकों की तरफ से E-Rupee ऐप के लिए फोन पर मैसेज या ईमेल पर इनवाइट भेज जाएगा।
  • इसके बाद यूजर्स E-Rupee ऐप डाउनलोड कर पाएंगे।
  • इस ऐप को डाउनलोड करने के बाद आपको वेरिफिकेशन प्रक्रिया को पूरा करना होग।
  • इसके लिए आपको रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर की जरूरत होगी।
  • इस तरह आप E-Rupee का डिजिटल वॉलेट बना पाएंगे।

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